कल्पतरु दिवस का भव्य आयोजन
पाकुड़: कल्पतरु दिवस के पावन अवसर पर शहर के थानापाड़ा हनुमान मंदिर के समीप सत्य सनातन संस्था, पाकुड़ जिला इकाई की ओर से एक विशाल प्रसाद वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस सेवा आयोजन के अंतर्गत हजारों गरीब, असहाय एवं जरूरतमंद लोगों के बीच प्रसाद स्वरूप भोजन वितरित किया गया। कार्यक्रम को लेकर पूरे क्षेत्र में धार्मिक आस्था, सेवा और सामाजिक समरसता का वातावरण देखने को मिला।
महाकाल मंदिर में विधि-विधान से पूजा-अर्चना
कार्यक्रम की शुरुआत तलवाडांगा स्थित महाकाल मंदिर परिसर में मौजूद कल्पतरु वृक्ष के समीप हुई, जहां पुरोहित रोहित दास द्वारा विधि-विधान से पूजा-अर्चना कराई गई। इसके बाद थानापाड़ा मुख्य सड़क स्थित हनुमान मंदिर में हनुमान जी की विशेष पूजा एवं आरती संपन्न हुई। धार्मिक अनुष्ठानों के पश्चात प्रसाद वितरण का शुभारंभ किया गया।
सम्मान समारोह और सेवा कार्यों का संगम
कार्यक्रम के दौरान संस्था के संस्थापक, सलाहकार, वरिष्ठ एवं सक्रिय कार्यकर्ताओं को अंग वस्त्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। यह सम्मान संस्था द्वारा उनके निरंतर सेवा, समर्पण और सामाजिक योगदान के प्रति कृतज्ञता स्वरूप दिया गया।
मुख्य अतिथि की उपस्थिति में कंबल वितरण
इस अवसर पर नगर प्रशासक अमरेंद्र कुमार चौधरी मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उनके द्वारा बढ़ती ठंड को देखते हुए जरूरतमंदों के बीच कंबल वितरण किया गया। उन्होंने संस्था के इस मानवीय और सामाजिक कार्य की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे प्रयास समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का कार्य करते हैं।
संस्था के अध्यक्ष ने कल्पतरु दिवस का महत्व बताया
मौके पर उपस्थित संस्था के अध्यक्ष रंजीत कुमार चौबे ने कहा कि सत्य सनातन संस्था की ओर से प्रत्येक वर्ष की तरह इस वर्ष भी कल्पतरु दिवस पर हजारों गरीबों के बीच भोजन वितरण किया गया है। उन्होंने कहा कि इस आयोजन का उद्देश्य केवल भोजन कराना नहीं, बल्कि लोगों को कल्पतरु दिवस के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक महत्व से अवगत कराना भी है।
पाश्चात्य नववर्ष बनाम सनातन परंपरा
अध्यक्ष ने अपने संबोधन में कहा कि आज का युवा वर्ग नए साल के पाश्चात्य जश्न में डूबा रहता है, जबकि उन्हें यह नहीं बताया जाता कि सनातन परंपरा में यह दिन कल्पतरु दिवस के रूप में मनाया जाता है। एक ओर जहां कुछ लोग जश्न में लीन रहते हैं, वहीं दूसरी ओर कई गरीबों को दो वक्त का भोजन भी नसीब नहीं होता। ऐसे में संस्था का प्रयास है कि भूखे पेट को भोजन मिले और सनातन संस्कृति का संदेश भी फैले।
ठंड को देखते हुए भोजन के साथ कंबल वितरण
संस्था के सचिव चंदन प्रकाश ने कहा कि कल्पतरु दिवस के अवसर पर भोजन वितरण के साथ-साथ ठंड के प्रकोप को देखते हुए कंबल वितरण भी किया गया। उन्होंने स्पष्ट किया कि संस्था का एकमात्र उद्देश्य सनातन धर्म के प्रति लोगों को जागरूक करना और समाज को संगठित एवं सुरक्षित बनाना है।
उन्होंने कहा, “हिंदू संगठित होंगे, तभी सुरक्षित होंगे।”
हजारों लोगों ने उठाया प्रसाद का लाभ
इस भोजन वितरण शिविर में न केवल शहर, बल्कि विभिन्न प्रखंडों से आए हजारों लोगों ने भाग लिया और प्रसाद का आनंद उठाया। आयोजन स्थल पर सुबह से लेकर देर शाम तक लोगों की भीड़ बनी रही।
बलिदान की स्मृति और सनातन जागरण का संदेश
सत्य सनातन संस्था द्वारा यह संदेश भी दिया गया कि अंग्रेजों की 200 वर्षों की गुलामी के दौरान देश के अनेक वीर सपूतों—जैसे भगत सिंह, सुखदेव, राजगुरु, चंद्रशेखर आजाद, नेताजी सुभाष चंद्र बोस—ने अपने प्राणों की आहुति दी। बावजूद इसके आज लोग उनके बलिदान को भूलकर अंग्रेजी नववर्ष मनाते हैं। संस्था का प्रयास है कि लोग सनातन संस्कृति के मार्ग पर चलें और अपने इतिहास एवं मूल्यों को स्मरण रखें।
जब देश जागृत होगा, तब उद्देश्य होगा पूर्ण
संस्था ने कहा कि देश के जागृत होने तक सत्य सनातन संस्था अपने सेवा कार्यों को निरंतर जारी रखेगी और कल्पतरु दिवस के माध्यम से सेवा, संस्कार और संस्कृति का संदेश समाज तक पहुंचाती रहेगी।
कार्यक्रम में उपस्थित प्रमुख लोग
इस अवसर पर जिलाध्यक्ष हर्ष भगत, राकेश सिंह, जवाहर सिंह, मनोज चौहान, शुभम गुप्ता, सानू रजक, राकेश मुलायम सिंह, सत्यम कृष्णा, विशाल भगत, आर पी सिंह, दीपक राज गुप्ता, गौतम कुमार, अजय भगत, रवि भगत, अजय प्रमाणिक, प्रशांत दुबे, अमर ठाकुर, राजेश साहा, चुन्ना शर्मा, संतोष टिब्रीवाल सहित सैकड़ों की संख्या में लोग उपस्थित थे।


